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Monday, 17 June 2013

Mushroom Dance (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'Mushroom Dance', 2008 (oil on paper)
Size - 11" x 15"



Oil Painting


यह चित्र पेपर पर ऑइल पेंट से बनाया गया है, जबकि इस पेंटिंग में ड्राइंग बॉल पेन से की गई है।








Tuesday, 4 June 2013

Two Ghosts One Apple

© SATYENDRA SINGH
'Two Ghosts One Apple', 2008 (Oil on Paper)
Size - 11" x 15"



Oil on Paper

Saturday, 11 May 2013

Sunlight (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'Sunlight', 2001 (Oil on Paper)
Size - 12" x 18"

यह पेंटिंग 2001 में तब बनाई गई थी, जब हमने ऑइल पेंटिंग बनाना शुरू ही किया था।  यह एक छोटी सी ऑइल पेंटिंग है। इसमें सूर्योदय का चित्रण किया गया है। 

Sunlight (Oil Painting)

Friday, 10 May 2013

The Struggle

© SATYENDRA SINGH
'The Struggle', 2003 (oil on paper)
Size - 24" x  36"


Oil Painting

ग्रामीण जीवन पर आधारित इस ऑइल पेंटिंग में पहाड़ के लोगों का दैनिक जीवन में जीवन-यापन के लिए होने वाले संघर्ष को दर्शाने का प्रयास किया गया है। यह पेंटिंग मॉडर्न शैली में बनाई गई है।

Wednesday, 8 May 2013

Uttarakhand, A Glimpse

© SATYENDRA SINGH
'Uttarakhand, A Glimpse', 2008 (Oil on Paper)
Size - 11" x 14"




Oil Painting

जीवन के अनोखे रंग गाँव में ही देखने को मिलते हैं, जहाँ प्रकृति भी कदम-कदम पर आपको अपने होने का अहसास कराती 
है।
हमारे उत्तराखंड का ग्रामीण जीवन बड़ा सुन्दर है। यहाँ की प्राकृतिक सुन्दरता जहाँ मन को मोहे रखती है, तो वहीं 
यहाँ के ग्रामीण जीवन की 
रंगबिरंगी झलकियाँ मन 
को हमेंशा तरोताजा 
रखती हैं।
इस पेंटिंग में ग्रामीण जीवन की एक झलक दिखाने का प्रयास किया गया है। इस ऑइल पेंटिंग को हैण्डमेड पेपर पर बनाया गया है। 

Sunday, 5 May 2013

Woman Carrying Water on Head

© SATYENDRA SINGH
'Woman Carrying Water on Head', (Oil on canvas)
Size - 18" x 24"


Oil Painting
पहाड़ की दुबली-पतली पगडंडियों पर हर सुबह और सायं उतरती-चढ़ती हुई पन्दयारियों को आज भी ऐसे ही देखा जा सकता है। जहाँ, आज भी गांवों का विकास कोसों दूर है और पीने के पानी के लिए गाँव के लोगों को दूर-दूर तक पानी के  प्राकृतिक स्रोतों पर आना-जाना पड़ता है। 

इस ऑइल पेंटिंग में ऐसे ही एक महिला को चित्रित किया गया है जो पानी लेकर अपने घर की ओर जा रही है। 

Monday, 29 April 2013

Mask

© SATYENDRA SINGH
'Mask', 206 (oil on canvas) 
Size -14" x 26"
कैनवास पर ब्रश के कुछ स्ट्रोक्स की सहायता से इस पेंटिंग को बनाया गया है। 

FOLK MUSICIAN-I

© SATYENDRA SINGH
'Folk Musician-I', 2004 (oil on board) 
Size - 18" x 24"

'Hudka is the most important musical instrument in the hills of Uttrakhand, India'.



Oil Painting

इस पेंटिंग में परम्परागत लोक संगीतज्ञ का एक चित्र बनाया गया है।

देवभूमि उत्तराखंड में पित्र देवताओं का आह्वान जागर गीत गाकर किया जाता है। जागर गीत गाते समय वाधयंत्र के रूप में हुडके का उपयोग किया जाता है। 

जागर रात के समय लगाये जाते हैं। कुछ लोग दुख की घड़ी में (घर परिवार में विपत्ति आने पर) जागर लगाते हैं, जब उन्हें लगता है कि उनके पूर्वज उनसे रुठे हुए हैं तो कुछ लोग सुख में अपने पितृ देवताओं को याद करने के लिए लगाते हैं। कुछ लोग घर में किसी के गुजर जाने पर उसका पिंडदान करके जागर लगाते हैं, जिससे गुजरने वाले की आत्मा को शांति मिल सके और वह भगवान को प्राप्त कर सके। 

Saturday, 27 April 2013

THE VILLAGE MUSICIANS (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'The Village Musicians', 2004 (oil on Canvas) 
Size - 24" x 30"

Oil Painting
हमारे उत्तराखंड में ढोल व दमाऊ का बड़ा महत्व है। शादी-ब्याह, पूजा-पाठ, अतिथि सत्कार व हर ख़ुशी के मौके पर इनका स्वर मन को प्रसन्न कर देता है। 

इस तैलचित्र में परम्परागत ग्रामीण संगीतज्ञों को उनके वाद्ययंत्रों (ढोल व दमाऊ) के साथ चित्रित किया गया है। चित्र में ढोल बजाने वाला आदमी को ठेठ ग्रामीण वेशभूषा में एवं उसके साथ दमाऊ बजाने वाले नवयुवक को कुर्ते व पायजामे के साथ चित्रित किया गया है। नवयुवक को फ़िल्मी हीरो से प्रेरित दिखाया गया है जो उसके बालों की स्टाइल से प्रदर्शित होता है।

WORKING WOMEN'S (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'Working Women's', 2004 (oil on board) 
Size - 18"  x  24"


OIL PAINTING
बसंत ऋतु, सरसों के पीले फूल, खेतों में घास काटती महिलायें और खेत-खलियानों से आ रही मीठे गीतों के स्वर, राह चलते हर कदम को रोक लेते हैं। 


इस ऑइल पेंटिंग में एक महिला अपनी दरांती की धार तेज कर रही है जबकि दूसरी महिलाएं बातें करने में बिजी हैं। इस पेंटिंग को एक नई शैली में बनाया गया है। 

गांवों में महिलाओं के छोटे-छोटे समूह आपको ऐसे ही काम-धाम करते हुए गप-शप लगाते हुए दिख जायेंगे। 

WOMAN CUTTING GRASS (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'Woman Cutting Grass', 2004 (oil on board)
Size - 18" x  24"


Oil Painting

परिस्थितियां चाहे कुछ भी हों, गाँव की महिलाओं को अपने बच्चों व अपनी ही नहीं बल्कि अपने महेशियों के जीवन की भी चिन्ता करनी पड़ती हैं।

इस पेंटिंग में ऐसी ही एक महिला को चित्रित किया गया है जो अपने मवेशियों के लिए चारे की ब्यवस्था करने के लिए घर से बाहर निकलती है।

THE STRUGGLE FOR LIFE (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'The Struggle for Life'. 2004 (oil on canvas)
Size - 18" x 24"

Oil Painting
पहाड़ी क्षेत्र का जीवन काफी संघर्ष पूर्ण होता है। यहाँ की महिलाएं प्रतिदिन प्रातःकाल से लेकर देर रात तक काम-काज करती हैं। यातायात की उचित सुविधा न होने के कारण इन्हें सारा समान सिर पर ही ढोना पड़ता है।

इस पेंटिंग में ऐसी ही एक महिला के संघर्ष को दर्शाया गया है, जो नंगे पाँव ही पहाड़ को ढो रही है। 

Friday, 26 April 2013

Village Woman Carrying Wood on Head

© SATYENDRA SINGH
'Village Woman Carrying Wood on Head', (oil on canvas)
Size -18" x 24"



Oil Painting

अपने बच्चों का गांव से पलायन, 
इस बूढी माँ को हरपल याद आता होगा। 
जब अपनों का सहारा नहीं मिला, 
तो अपनी लाठी को ही अपना सहारा बना लिया।


इस पेंटिंग में पहाड़ पर चीड़ के जंगल से लकड़ियाँ लेकर आ रही बुजुर्ग महिला का चित्र बनाया गया है। जो लाठी का सहारा लेकर नीचे की ओर रही है। चित्र में गांव से पलायन के दर्द को इस बुजुर्ग महिला का जीवन के लिए संघर्ष के रूप में दिखाने का प्रयास किया गया है। इस ऑइल पेंटिंग को कैनवास पर बनाया गया है। इसे दो तरह की शैली (ड्राइंग और पेंटिंग) में बनाया गया है।

CO-OPERATION (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'Cooperation', 2004 (oil on board) 
Size - 18" x 24"

Oil Painting
पहाड़ी क्षेत्रों के किसान आज भी एक जोड़ी बैल के सहयोग से कृषि भूमि की जुताई से अनाज उत्पन्न करके अपने और अपने परिवार का भरण-पोषण करते हैं। शायद इसीलिए ही आज भी यहाँ के किसान बैलों की पूजा करते हैं और शास्त्रों में भी बैलों को पिता के समान माना गया है। 

इस पेंटिंग को सरल विधि से बनाया गया है। इसमें ड्राइंग और पेंटिंग दोनों का समान समिश्रण रखा गया है। पेंटिंग को हार्डबोर्ड पर बनाया गया है। हमारे उत्तराखंड के पहाड़ी क्षेत्रों में बैलों की एक जोड़ी का बड़ा ही महत्व है। गांव के हर घर में एक जोड़ी बैल जरूर होती है। 


FOLK MUSICIAN-II (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'Folk Musician - II', 2004 (oil on board) 
Size - 18" x 24"


Oil Painting
दोस्तों, इस पेंटिंग में एक आदमी को थाली बजाते हुए दर्शाया गया है। हमारे उत्तराखंड के गढ़वाल क्षेत्र में इस प्रकार थाली बजाने वाले को स्थानीय बोली में 'थकलेर' कहते हैं। 

जब कभी भी पितृ देवताओं का आह्वान रात्रि के समय जागर गीत गाकर किया जाता है, तब कांसी की थाली को हुडके के साथ सह वाधयंत्र के रूप में बजाया  जाता है। इसे बजाने का काम इस विधा में निपुण आदमी को दिया जाता है। इस विधा के जानकार अब कुछ ही पुराने लोग हैं। नए पीढ़ी में इस विधा को सीखने की कोई रूचि नहीं रह गई है।

RHYTHM WITH MUSIC (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'Rhythm  With Music', 2004 (oil on board) 
Size - 18" x 24"


Oil Painting
"समुन्दर की लयबद्ध लहरें और आसमान में उड़ती पंछियों का आना-जाना भी संगीत पैदा करता है"। कहते हैं कि संगीत हर जगह मौजूद है, फिर चाहे वह हवा में हो या फिर पानी, वह प्रकृति में चारों और फैली होती है। संगीत जितनी लयबद्ध होती जाती है, उतनी ही उसकी मधुरता बढ़ती जाती है।

इस विषय को मध्य नजर रखते हुए इस पेंटिंग को बनाया गया है। यह ऑइल पेंटिंग हार्डबोर्ड पर बनाई गई है। इस पेंटिंग में लहरों के रूप में समुन्दर से निकले एक ब्यक्ति के बालों को दर्शाया गया है जबकि उसके द्वारा पकड़े गए वाधयंत्र  को संगीत का परिचायक माना गया है। 

BEAUTY OF LOVE (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'Beauty of Love', 2005 (oil on canvas) 
Size - 12" x 24"


Oil Painting
एक लड़के को सामने दरवाजे पर खड़ा करके इस पेंटिंग की ड्राइंग बनाई गयी थी। गर्मियों का मौसम था इसलिए इसमें लड़के ने ऊपर बनियान पहनी थी और नीचे कमर पर चादर लपेट रखी थी। लेकिन जब इसे कैनवास पर बनाना शुरू किया गया तो लगा कि इस पोज में तो इसे लड़की होना चाहिए और यह फिर पेंटिंग तैयार हुई।


यह पेंटिंग कैनवास पर बनी है, जिसे फाइन आर्ट शैली में बनाया गया है। पेंटिंग में लाइट और डार्क शेड का अनुपात समान रखा गया है। येलो कलर को पेंटिंग में ज्यादा प्रमुखता से उभारा गया है, जिससे पेंटिंग में एक चमक सी पैदा हो जाती है। 

MOON LAND (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'Moon Land', 2001 (oil on board) 
Size - 12" x 18"

सुना है, चाँद ऐसा है-वैसा है !! 
क्या आपने कभी चाँद पर जाकर देखा है "चाँद" ?


हमने तो कभी चाँद पर जाकर देखा नहीं चाँद, कहानियां जरूर सुनी और पढ़ी हैं। हमसे जैसा समझा गया अपने मन से, वैसे इस पेंटिंग में बनाने की कोशिश की है। पेंटिंग बनाना बच्चों का खेल तो है ही, कभी-कभी बूढ़े  व जवान भी इसमें हाथ आजमा लेते हैं। 

COMPANION (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'Companion', 2001 (oil on board) 
Size - 12" x 18"


Oil Painting
ऑइल पेंटिंग का यह नमूना हार्डबोर्ड पर बना है। इसमें दो ग्रह बनाये गए हैं, पहले ग्रह पृथ्वी में एक आदमी और एक महिला का चित्र दिखाया गया है। जिसमें लाठी टेकते हुए एक बुजुर्ग आदमी को गर्ववती महिला का हाथ पकड़े साथ-साथ चलते हुए दिखाया गया है। 

यह पेंटिंग पापुलेशन ग्रोथ के एक कारण को भी प्रदर्शित करता है, जिसकी जड़ें बड़ी तेजी से बढ़ रही हैं। पृथ्वी को भार बढ़ने से सपोर्ट की जरुरत महशूस हो रही है और उसे एक डंडे के नोक पर टिका हुआ दर्शाया गया है। 

जबकि दूसरे ग्रह में सूरज को दिखाया गया है, जो लगातार अपनी उर्जा को बढ़ा रहा है। सूरज का तापमान बढ़ने से आदमी को अपने कपड़ो को त्यागना पड़ रहा है। 



Nature (Oil Painting)

© SATYENDRA SINGH
'Nature', 2003 (oil on canvas) 
Size - 24" x  36"


Oil Painting

यह ऑइल लैंडस्केप पेंटिंग कैनवास पर बनी है। जिसे फाइन आर्ट की शैली में बनाया गया है। इस पेंटिंग में हिमायल की  ख़ूबसूरती को यहाँ के जीवन संस्कृति के साथ दर्शाने का प्रयास किया गया है। 

पेंटिंग में चीड़ के बड़े एवं पुराने पेड़ों के साथ-साथ पहाड़ के सौन्दर्य को भी निखारने की कोशिश की गई है। इसके साथ ही एक ग्रामीण महिला को अपने भेड़-बकरियों के साथ पेंटिंग में चित्रित किया गया है। 


उत्तराखंड हिमालय की गोद में बसा हुआ प्रदेश है और इसकी सुन्दरता में हिमालय चार चाँद लगा देता है। यह पेंटिंग सभी उत्तराखंडी लोगों और देश-दुनिया के सभी प्रकृति प्रेमियों के लिए एक छोटा सा उपहार है। उम्मीद है कि यह सभी को पसंद आएगा।